ब्यूरो रिपोर्ट,सीतापुर : पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल द्वारा जनपद में लूट/चोरी/नकबजनी/धोखाधड़ी/ठगी आदि जैसी घटनाओं में संलिप्त अपराधियों के विरुद्ध कठोरतम कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया है। उक्त दिये गये निर्देशो के अनुपालन के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी आलोक सिंह के निकट पर्यवेक्षण व व अपर पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी अपराध विनायक भोसले के नेतृत्व में थाना कोतवाली नगर प्रभारी निरीक्षक अनूप कुमार शुक्ला थाना कोतवाली नगर, उ0नि0 अवधेश कुमार यादव, हे0का0 मदन पाल सिंह, हे0का0 अविनाश सिंह, का0 रवि सिंह, का0 प्रिंस तोंमर आदि पुलिस टीम एवं एसओजी टीम- प्रभारी निरीक्षक सतेंद्र विक्रम सिंह, उ.नि. अरविंद शुक्ला, हे.का.शराफत अली, हे.का. राहुल कुमार, हे.का.सोहनपाल, हे.का.गुरपाल, हे.का.विनय सिंह, का.भूपेंद्र राणा, का.प्रशांत शेखर सिंह, का. शैंकी यादव, का. अमित कुमार, का.भानू राठी, का.दानवीर, महिला आरक्षी डॉली रानी आदि पुलिस टीम द्वारा जीएसटी चोरी का सफल अनावरण करते हुए कुल 04 शातिर अभियुक्तों 1. सोना उर्फ आशीष पुत्र बलवीर सिंह निवासी मो0 सैंया चौकी दारगी थाना सैंया जनपद आगरा 02. कुलदीप सिंह पुत्र शिवकुमार निवासी ग्राम बड़ागांव इगलासपुर थाना सम्साबाद जनपद आगरा 03. विवेक कुमार पुत्र नरेश चन्द्र निवासी 66/26 नगला कड़ेरू नरीपुरा थाना शाहगंज जनपद आगरा 04. सूरज रावत पुत्र महिपाल सिंह निवासी भरतपुरी थाना रामनगर जिला अल्मोड़ा उत्तराखण्ड को आर.एम.पी. स्कूल के पास से गिरफ्तार किया गया है।
जिनसे बैग के अन्दर पाँच सौ रुपये की दो अलग अलग गड्डी प्रत्येक में दो दो सौ नोट तथा एक तीसरी गड्डी जिसमें पाँच सौ रुपये की कुल 33 नोट, दो सौ रुपये की 25 नोट, सौ रुपये की 85 नोट कुल 2,30,000/- रुपये नगद तथा अलग अलग कम्पनी के 23 अदद सिम, 70 अदद रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र, 2 अदद आधार कार्ड की प्रति, 2 अदद मूल आधार, कार्ड 6 अदद बिजली बिल की प्रति, 1 अदद पैनकार्ड, 6 अदद एटीएम, 01 अदद चेकबुक, 3 अदद पासबुक, 4 अदद डायरी के पन्ने, एक डब्बे में दो अदद अंगूठी पीली धातु सफेद नग जड़ा हुआ व एक अदद चैन पीली धातु, वाहन चारपहिया महिंद्रा 3XO रंग काला बिना नम्बर प्लेट बरामद हुआ है।
जांच के दौरान पुष्टि हुई कि भारत के अलग अलग राज्यों तमिलनाडु, कर्नाटक, पंजाब, हरिय़ाणा, दिल्ली, उ0प्र0 आदि राज्यों में 1000 से अधिक जीएसटी की फर्जी फर्म बनाकर अभियुक्तों द्वारा ITC की चोरी की गयी है।
अपराध करने का तरीका- गिरफ्तार अभियुक्तगण एक संगठित गिरोह बनाकर भोले भाले लोगो को नौकरी लगवाने का प्रलोभन देकर उनके दस्तावेज लेते थे तथा उन्हीं के नाम की कई फर्जी/बोगस फर्म बनाकर जीएसटी चोरी करते हुए सरकार को करोड़ो रुपये की आर्थिक क्षति पहुंचा रहे थे। अभियुक्तों से पूछताछ में लगभग 1200 से अधिक फर्जी/बोगस फर्म की जानकारी हुई है जिनके माध्यम से इनके द्वारा लगातार जीएसटी चोरी की जा रही थी।
अभियुक्तों ने पूछताछ में बताया कि हम लोग आपस में मिलकर फर्जी फर्म बनाकर जीएसटी कार्यालय में रजिस्ट्रेशन करवाकर फर्जी फर्मों के माध्यम से सेल परचेज दिखाकर धन अर्जित करते हैं । उक्त कार्य में जो हम लोगों के पास से लैपटॉप व फोन तथा विभिन्न कम्पनियों के सिम आदि बरामद हुआ है ।
उसका उपयोग करते हैं इसी कार्य से धन अर्जित कर अपना जीवन यापन करते हैं । अर्जित धन से ही जो आप लोगों द्वारा गाड़ी तथा कीमती अंगूठी व चैन व मोबाइल फोन बरामद किया गया है, खरीदे हैं इसके अलावा जो नगद रुपये बरामद हुए हैं वह भी हम लोगों द्वारा इसी कार्य से अर्जित किया है । हम लोगों के द्वारा अन्य साथियों के साथ मिलकर सीतापुर में भी पूजा सिंह के नाम से फर्जी फर्म पी.एस. ट्रेडर्स बनाकर जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराकर बिलों के आधार पर काफी मात्रा में धन अर्जित किया गया । हम लोगों के द्वारा आपस में इस कार्य को अंजाम देकर प्राप्त हुए धन को आपस में बंटवारा कर लेते हैं । इस कार्य को सोना उर्फ आशीष के देखरेख में अंजाम दिया जाता है । इसी वाहन से हम सभी जगह जगह जाकर इस काम के स्रोत को एकत्रित कर घटना को अंजाम देते हैं ।
उल्लेखनीय है कि गिरफ्तार अभियुक्त शातिर किस्म के अभ्यस्त अपराधी हैं, जिनके द्वारा इस प्रकार की घटनायें अन्य जनपदों में की गयी है, जिनकी जांच की जा रही है। पंजीकृत अपराध सं 203/2025 धारा 318(4), 338, 336(3), 340(2) BNS बढ़ोत्तरी धारा 3(5) BNS में गिरफ्तार अभियुक्तों का चालान मा.न्यायालय किया जा रहा है। जनपद में अपराधियों के विरूद्ध निरन्तर प्रभावी कार्यवाही इसी प्रकार प्रचलित रहेगी।
