ब्यूरो रिपोर्ट,सीतापुर : महमूदाबाद रेलवे स्टेशन पर कोविड-19 से पहले संचालित ट्रेनों के ठहराव बंद होने से यात्रियों को हो रही परेशानियों को लेकर अब क्षेत्रवासियों ने आवाज बुलंद की है। सामाजिक कार्यकर्ता एवं वरिष्ठ पत्रकार अनुज कुमार जैन, नगरपालिका सभासद अयूब अहमद डंम्पी सहित नगर के नागरिकों ने रेलवे स्टेशन अधीक्षक, पूर्वोत्तर रेलवे महमूदाबाद के माध्यम से महाप्रबंधक, पूर्वोत्तर रेलवे गोरखपुर को संबोधित ज्ञापन सौंपकर बंद किए गए ट्रेनों के ठहराव को पुनः शुरू कराने की मांग की।
ज्ञापन में बताया गया कि कोविड-19 लॉकडाउन से पहले महमूदाबाद रेलवे स्टेशन पर ट्रेन संख्या 54323/54324 बालामऊ-बुढ़वल पैसेंजर तथा 15211/15212 दरभंगा-अमृतसर जननायक एक्सप्रेस का ठहराव होता था। बाद में इन ट्रेनों का ठहराव बंद कर दिए जाने से महमूदाबाद और आसपास के गांवों के यात्रियों को आवागमन में काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
मां संकटा देवी धाम आने वाले श्रद्धालुओं को भी परेशानी: क्षेत्रवासियों ने कहा कि महमूदाबाद स्थित मां संकटा देवी मंदिर प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है। सावन, नवरात्रि और अन्य धार्मिक पर्वों के दौरान यहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचते हैं। स्टेशन पर प्रमुख ट्रेनों का ठहराव नहीं होने के कारण बाहर से आने वाले यात्रियों को सीतापुर उतरने के बाद सड़क मार्ग से करीब 60 किलोमीटर अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती है। इससे यात्रियों का समय और किराया दोनों बढ़ जाता है।
विद्यार्थियों और कर्मचारियों के लिए भी जरूरी है ट्रेन ठहराव: महमूदाबाद नगर क्षेत्र में कई डिग्री कॉलेज और इंटर कॉलेज संचालित हैं। प्रतिदिन लखनऊ, सीतापुर, बुढ़वल और बालामऊ की ओर आवागमन करने वाले छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और अन्य यात्रियों को भी ट्रेन ठहराव बंद होने से परेशानी उठानी पड़ रही है। वहीं महमूदाबाद तहसील मुख्यालय और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र होने के कारण आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों के लिए भी सुगम रेल सुविधा महत्वपूर्ण है।
व्यापारियों और आम यात्रियों का कहना है कि महमूदाबाद स्टेशन पर ट्रेनों के ठहराव की सुविधा बहाल होने से क्षेत्र के लोगों को कम समय और कम खर्च में आवागमन की सुविधा मिल सकेगी। इससे शिक्षा, चिकित्सा, व्यापार और धार्मिक पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
दो मिनट का ठहराव भी यात्रियों के लिए बड़ी राहत: ज्ञापन में कहा गया कि महमूदाबाद क्षेत्र की आबादी दो लाख से अधिक है और आसपास के बड़ी संख्या में गांवों के लोग भी अपनी दैनिक जरूरतों के लिए नगर पर निर्भर हैं। ऐसे में यात्रियों की सुविधा और जनहित को देखते हुए बालामऊ-बुढ़वल पैसेंजर तथा दरभंगा-अमृतसर जननायक एक्सप्रेस का महमूदाबाद रेलवे स्टेशन पर कम से कम दो मिनट का ठहराव तत्काल प्रभाव से पुनः शुरू किया जाना चाहिए।
क्षेत्रवासियों ने रेलवे प्रशासन से मांग की कि यात्रियों की लंबे समय से चली आ रही समस्या को गंभीरता से लेते हुए दोनों ट्रेनों के ठहराव की बहाली के लिए आवश्यक कार्रवाई जल्द की जाए। उनका कहना है कि ट्रेनों का ठहराव बहाल होने से महमूदाबाद ही नहीं, बल्कि आसपास के ग्रामीण इलाकों के हजारों यात्रियों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
